स्कूल के बाद तुम मुझे अपनी साइकिल पर घर छोड़ती थीं, जिसका रंग बिल्कुल आसमान जैसा था।
नेहा, तुम्हें याद है तुमने कहा था कि बड़े होकर हम साथ में दुनिया घूमेंगे?
इस ख़त का बाक़ी हिस्सा मुहरबंद है।
दराज़ में देखा जा रहा है…
एक मुहरबंद ख़त Neha का इंतज़ार कर रहा है।
स्कूल के बाद तुम मुझे अपनी साइकिल पर घर छोड़ती थीं, जिसका रंग बिल्कुल आसमान जैसा था।
नेहा, तुम्हें याद है तुमने कहा था कि बड़े होकर हम साथ में दुनिया घूमेंगे?
इस ख़त का बाक़ी हिस्सा मुहरबंद है।