प्रति
Riya
Kolkata · 2021
माफ़ी
हर इतवार तुम मेरे लिए वह सफ़ेद, स्पंजी, चाशनी में डूबी मिठाई लाती थीं जिस पर बंगाल और ओडिशा आज भी झगड़ते हैं।
रिया, मैंने तुम्हारी शादी का कार्ड देखा और कोई जवाब नहीं दिया।
इस ख़त का बाक़ी हिस्सा मुहरबंद है।
ख़त ढूँढा जा रहा है…
प्रति
Kolkata · 2021
माफ़ी
हर इतवार तुम मेरे लिए वह सफ़ेद, स्पंजी, चाशनी में डूबी मिठाई लाती थीं जिस पर बंगाल और ओडिशा आज भी झगड़ते हैं।
रिया, मैंने तुम्हारी शादी का कार्ड देखा और कोई जवाब नहीं दिया।
इस ख़त का बाक़ी हिस्सा मुहरबंद है।
अभी तक किसी ने इसे खोलने की कोशिश नहीं की।